Kshama Karne Ki Alaukik Shakti by J.P. Vaswani

क्रोध, विद्वेष और असंतोष विनाशकारी तथा आत्म-पराजयकारी हैं। हम दूसरों के विरुद्ध इन नकारात्मक भावनाओं का वहन करते हैं; लेकिन वास्तव में ये हमारे जीवन को विषाक्त कर देती हैं। जब हम अपनी प्रतिक्रियाओं के लिए दूसरों को दोषी ठहराते हैं, हम यह विश्वास करते हैं कि वे हमारी नकारात्मक भावनाओं के लिए उत्तरदायी हैं, तब वास्तव में हम अपने स्वयं के जीवन पर से ही नियंत्रण त्याग रहे होते हैं। क्षमा अच्छाइयों, प्रेम और करुणा जाग्रत् कर हमारी अपनी क्षमताओं के प्रति हमें जागरूक बनाकर हमारे आत्म-विश्वास को बढ़ाती है। क्षमा हमें अपने स्वयं और दूसरों के साथ शांति से रहने के लिए सक्षम बनाती है और भावनात्मक संघर्ष से स्वतंत्र करती है। क्षमा हमारे जीवन को रूपांतरित कर सकती है, इसे और अधिक शांत, अर्थवान और रचनात्मक बना सकती है।
पूज्य दादा वासवानी के अमृत वचन और उनके स्वयं के दीर्घ जीवन का अमूल्य खजाना इस पुस्तक में संकलित है, जिसके अध्ययन से हम क्षमा जैसे दैवी गुण को अपने जीवन में उतारकर आत्मविकास कर पाएँगे, सफल हो पाएँगे।

Language

Hindi

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